कहानी: लौटकर यहीं आऊँगा - सुमन बाजपेयी

कहानी: लौटकर यहीं आऊँगा – सुमन बाजपेयी

कथावाचिका को लगता है कि उसका पति सुशांत उसका खयाल नहीं रखता है। लापरवाह है। उसके इस रवैये से वह परेशान रहती है। आज भी सुशांत ने कुछ ऐसा ही किया था। सुशांत ने आखिर क्या किया था? आगे क्या हुआ? पढ़ें सुमन बाजपेयी की कहानी ‘लौटकर यहीं आऊँगा’:

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लेखक संतोष पाठक लेकर आ रहे हैं 'क्राइम फाइल'

लेखक संतोष पाठक लेकर आये हैं ‘क्राइम फाइल’

रहस्यकथा लेखक संतोष पाठक लेकर आये हैं ‘क्राइम फाइल बाय संतोष पाठक’। सुनाएँगे सच्चे अपराध की रोंगटे खड़े कर देनी वाली दास्तान। पढ़ें विस्तृत खबर:

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डेरिंजर पुरस्कार

डेरिंजर पुरस्कार 2026 के लिए फाइनलिस्टों की हुई घोषणा

शॉर्ट मिस्ट्री फिक्शन सोसाइटी द्वारा 2026 के डेरिंजर पुरस्कारों के लिए फाइनलिस्टों की सूची जारी कर दी है। यह घोषणा 1 अप्रैल को शॉर्ट मिस्ट्री फिक्शन सोसाइटी के ब्लॉग पर की गयी।

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कहानी: दृष्टिकोण - सुभद्रा कुमारी चौहान

कहानी: दृष्टिकोण – सुभद्रा कुमारी चौहान

निर्मला और रमाकांत दोनों दुनिया की नज़र में आदर्श दंपति थे। पर उनकी प्रकृति अलग-अलग थी। जीवन के प्रति उनका दृष्टिकोण अलग अलग था। इसी कारण कभी कभार उनके बीच मतभेद भी हो जाता था। आखिर इस अलग-अलग दृष्टिकोण का क्या नतीजा निकला? पढ़ें सुभद्रा कुमारी चौहान की कहानी ‘दृष्टिकोण’:

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कहानी: मूठ - प्रेमचंद

कहानी: मूठ – प्रेमचंद

डॉक्टर जयपाल बड़े कृपण थे। अपने परिवार की जरूरतों पर भी पैसे खर्च करने में उन्हें तकलीफ सी होती थी। ऐसे में जब उन्होंने अपनी रुपये की थैली से पैसे गायब पाये तो उनका परेशान होना लाज़िमी ही था। वो कुछ भी करके अपने चुराए पैसे पाना चाहते थे। क्या उन्हें उनके पैसे मिले? पढ़ें कथाकार प्रेमचंद की लिखी कहानी ‘मूठ’:

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साक्षात्कार: लेखक सबुज हालदार से एक बातचीत

साक्षात्कार: लेखक सबुज हालदार से एक बातचीत

सबुज हालदार हिंदी, अंग्रेजी और बांग्ला भाषाओं में समान अधिकार रखते हैं। हिंदी और बांग्ला में वह लेखन और अनुवाद करते हैं। एक बुक जर्नल पर हमने उनसे उनके लेखन और उनके द्वारा किए गये अनुवादों के ऊपर यह बातचीत की है। आप भी पढ़ें:

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बैरी अवार्ड्स के लिए नामांकित रचनाओं की सूची जारी

वर्ष 2026 के बैरी अवार्ड्स के लिए नामांकित रचनाओं की सूची हुई जारी

डेडली प्लेज़र पत्रिका द्वारा बैरी अवार्ड के लिए नामांकित रचनाओं की सूची जारी कर दी गयी है। यह सूचना डेडली प्लेज़र की वेबसाइट पर प्रकाशित की गयी।

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पुस्तक अंश: बाज़ बसेरा: बिना हत्थे की खुकरी - संजय अग्निहोत्री

पुस्तक अंश: बाज़ बसेरा: बिना हत्थे की खुकरी – संजय अग्निहोत्री

‘बाज़ बसेरा: बिना हत्थे की खुकरी’ लेखक संजय अग्निहोत्री द्वारा लिखित जतिन जागीरदार शृंखला का दूसरा उपन्यास है। उपन्यास साहित्य विमर्श प्रकाशन द्वारा प्रकाशित किया गया है। एक बुक जर्नल पर पढ़ें इस उपन्यास का एक अध्याय ‘बिना हत्थे की खुकरी’।

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अगाथा पुरस्कार के लिए नामांकित रचानाओं की सूची जारी

अगाथा पुरस्कार के लिए नामांकित रचानाओं की सूची जारी

हर वर्ष मैलिस डोमेस्टिक लिमिटेड द्वारा प्रख्यात लेखिका अगाथा क्रिस्टी के नाम पर अगाथा पुरस्कार प्रदान किए जाते हैं। वर्ष 2026 के ‘अगाथा पुरस्कार’ के लिए नामांकित रचनाओं की घोषणा की जा चुकी है।  यह घोषणा ‘द मैलिस डोमेस्टिक’ की वेबसाइट पर की गयी।

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Suresh Chaudhary | Hindi Author | Biography

सुरेश चौधरी

सुरेश चौधरी उपन्यासकार हैं। लोकप्रिय वह मुख्य तौर पर सामाजिक उपन्यास लिखते हैं। पढ़ें उनकी संक्षिप्त जीवनी और उनके पुस्तकों की सूची:

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दो लेखकों द्वारा मिल कर लिखी जाने वाली प्रथम शृंखला

दो लेखकों द्वारा मिल कर लिखी जाने वाली प्रथम शृंखला

योगेश मित्तल को लेखन के क्षेत्र में आने का मौका कैसे मिला और किस तरह उन्होंने अपने साथी लेखक बिमल चटर्जी के साथ मिलकर एक शृंखलाबद्ध उपन्यास लिखना शुरु किया? यह वह इस संस्मरण में साझा कर रहे हैं। आप भी पढ़ें:

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कहाँ-कहाँ न गये घना’दा - जयदीप शेखर

कहाँ-कहाँ न गये घना’दा – जयदीप शेखर

जयदीप शेखर लेखक और अनुवादक हैं। बांग्ला साहित्य में रुचि रखते हैं। बांग्ला से हिंदी में उन्होंने कई पुस्तकों का अनुवाद किया है। बांग्ला लेखक प्रेमेंद्र मित्र के किरदार घनादा और उसको लेकर लिखी गयी कहानियों का वह इस लेख में पाठक से परिचय करवा रहे हैं। आप भी पढ़ें:

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