लघु-कथा: आप भी बड़े 'ओ' हैं - जी. पी. श्रीवास्तव

लघु-कथा: आप भी बड़े ‘ओ’ हैं – जी. पी. श्रीवास्तव

‘आप भी बड़े ‘ओ’ हैं’ लेखक जी.पी. श्रीवास्तव की लिखी व्यंग्य कथा है। अक्सर सरकारी अफ़सरों में एक तरह का दंभ देखने को मिलता है। ऐसा लगता है वह पद पाते ही आम लोगों को कुछ समझते ही नहीं हैं। इस कहानी में वह इसी अफ़सरी प्रवृत्ति पर कटाक्ष करते दिखते हैं। आप भी पढ़ें:

लघु-कथा: आप भी बड़े ‘ओ’ हैं – जी. पी. श्रीवास्तव Read More
संस्मरण: क्रिकेट मैच - आलोक सिंह खालौरी

संस्मरण: क्रिकेट मैच – आलोक सिंह खालौरी

लेखक आलोक सिंह ‘खालौरी’ अपनी लिखी अपराध कथाओं और भय कथाओं के लिए जाने जाते हैं। इसके साथ-साथ वो अपने जीवन से जुड़े लोगों के रोचक संस्मरण भी साझा करते रहते हैं। इस बार वो क्रिकेट से जुड़ा अपना एक संस्मरण पाठकों के लिए लाए हैं। आप भी पढ़ें लेखक आलोक सिंह खालौरी का यह संस्मरण ‘क्रिकेट मैच’:

संस्मरण: क्रिकेट मैच – आलोक सिंह खालौरी Read More
किस्से मैत्रीदत्त के: नया स्कूटर - आलोक सिंह खालौरी

किस्से मैत्रीदत्त के: नया स्कूटर – आलोक सिंह खालौरी

हम सभी के जीवन में कुछ लोग ऐसे आते हैं जिनके व्यक्तित्व की गहरी छाप हमारे मन मस्तिष्क पर छूट जाती है। उनके साथ रहने पर जीवन में ऐसे रोचक प्रसंग होने लगते हैं जो भले ही घटित होने के दौरान हमारी जान सुखा दें लेकिन जिन्हें भविष्य में याद करते हुए हमारे चेहरे पर मुस्कान सी आ जाती है। लेखक आलोक सिंह खालौरी के मित्र मैत्रीदत्त भी ऐसी ही शख्सियत के मालिक थे। पढ़ें मैत्रीदत्त से जुड़ा लेखक आलोक सिंह खालौरी का लिखा यह संस्मरण ‘नया स्कूटर’

किस्से मैत्रीदत्त के: नया स्कूटर – आलोक सिंह खालौरी Read More
सहारनपुर के खोजीदल - कुमार विक्रांत

पुस्तक अंश: सहारनपुर के खोजी दल – कुमार विक्रांत

‘सहारनपुर के खोजी दल’ लेखक कुमार विक्रांत की किशोर हास्यकथा है। एक बुक जर्नल पर पढ़ें दिप्पे, चित्तू, पल्लू, डब्बू और टीनू की इस कहानी का एक अंश।

पुस्तक अंश: सहारनपुर के खोजी दल – कुमार विक्रांत Read More