साहित्य की बात, साहित्य से मुलाकात
1 जुलाई 1967 को मेरठ के एक प्रतिष्ठित परिवार में जन्म। पिता न्यायाधीश थे। लिहाजा शिक्षा बड़ी घुमंतू किस्म से पायी। पिता के तबादलों के साथ-स्कूल भी बदलता रहा। राजा बलवंत सिंह कॉलेज, आगरा से स्नातक की उपाधि लेने के पश्चात मेरठ वापसी। पिता कानूनदाँ थे तो मेरठ कॉलेज से एलएलबी की डिग्री लेकर स्वयं वकालत के रास्ते चले। पढ़ने का शौक कॉलेज के समय से ही रहा। कानून के अतिरिक्त हर विधा की किताबें पढ़ें का शौक है। पत्नी, बेटे और दो बेटियों के साथ मेरठ में ही निवास।
उनसे alok68800@gmail.com पर सम्पर्क किया जा सकता है।
अब तक दस से ऊपर उपन्यास प्रकाशित हो चुके हैं। उपन्यास अमेज़न, शब्दगाथा और साहित्य विमर्श की वेबसाईट पर उपलब्ध।
पुस्तक लिंक: अमेज़न | शब्दगाथा | साहित्य विमर्श